TransLiteral Foundation
Don't follow traditions blindly or don't assume a superstition either.
Don't be intentionally ignorant. Ask us!! Make Informed Religious Decisions!!

m mayamatam

  |  
  • मयमतम्‌
    मयमतम्‌ नामक ग्रंथमे संपूर्ण वास्तुशास्त्रकी चर्चा की गयी है। संपूर्ण वास्तु निर्माणमे इस ग्रंथको प्रमाण माना गया है। 
  • मयमतम् - अध्याय १
    असुरराज ’मय’ के मयमतम् ग्रंथमे विद्वानों, देवों एवं मनुष्योंके संपूर्ण भवनलक्षणोंका वर्णन प्रस्तुत किया है।‌
  • मयमतम् - अध्याय २
    असुरराज ’मय’ के मयमतम् ग्रंथमे विद्वानों, देवों एवं मनुष्योंके संपूर्ण भवनलक्षणोंका वर्णन प्रस्तुत किया है।‌
  • मयमतम् - अध्याय ३
    असुरराज ’मय’ के मयमतम् ग्रंथमे विद्वानों, देवों एवं मनुष्योंके संपूर्ण भवनलक्षणोंका वर्णन प्रस्तुत किया है।‌
  • मयमतम् - अध्याय ४
    असुरराज ’मय’ के मयमतम् ग्रंथमे विद्वानों, देवों एवं मनुष्योंके संपूर्ण भवनलक्षणोंका वर्णन प्रस्तुत किया है।‌
  • मयमतम् - अध्याय ५
    असुरराज ’मय’ के मयमतम् ग्रंथमे विद्वानों, देवों एवं मनुष्योंके संपूर्ण भवनलक्षणोंका वर्णन प्रस्तुत किया है।‌
  • मयमतम् - अध्याय ६
    असुरराज ’मय’ के मयमतम् ग्रंथमे विद्वानों, देवों एवं मनुष्योंके संपूर्ण भवनलक्षणोंका वर्णन प्रस्तुत किया है।‌
  • मयमतम् - अध्याय ७
    असुरराज ’मय’ के मयमतम् ग्रंथमे विद्वानों, देवों एवं मनुष्योंके संपूर्ण भवनलक्षणोंका वर्णन प्रस्तुत किया है।‌
  • मयमतम् - अध्याय ८
    असुरराज ’मय’ के मयमतम् ग्रंथमे विद्वानों, देवों एवं मनुष्योंके संपूर्ण भवनलक्षणोंका वर्णन प्रस्तुत किया है।‌
  • मयमतम् - अध्याय ९
    The Mayamatam is a vastusastra. Mayamatam gives indications for the selections of a proper orientation, right dimensions, and appropriate materials.
  • मयमतम् - अध्याय १०
    The Mayamatam is a vastusastra. Mayamatam gives indications for the selections of a proper orientation, right dimensions, and appropriate materials.
  • मयमतम् - अध्याय ११
    The Mayamatam is a vastusastra. Mayamatam gives indications for the selections of a proper orientation, right dimensions, and appropriate materials.
  • मयमतम् - अध्याय १२
    The Mayamatam is a vastusastra. Mayamatam gives indications for the selections of a proper orientation, right dimensions, and appropriate materials.
  • मयमतम् - अध्याय १३
    The Mayamatam is a vastusastra. Mayamatam gives indications for the selections of a proper orientation, right dimensions, and appropriate materials.
  • मयमतम् - अध्याय १४
    The Mayamatam is a vastusastra. Mayamatam gives indications for the selections of a proper orientation, right dimensions, and appropriate materials.
  • मयमतम् - अध्याय १५
    The Mayamatam is a vastusastra. Mayamatam gives indications for the selections of a proper orientation, right dimensions, and appropriate materials.
  • मयमतम् - अध्याय १६
    मयमतम्‌ नामक ग्रंथमे संपूर्ण वास्तुशास्त्रकी चर्चा की गयी है। संपूर्ण वास्तु निर्माणमे इस ग्रंथको प्रमाण माना गया है।
  • मयमतम् - अध्याय १७
    मयमतम्‌ नामक ग्रंथमे संपूर्ण वास्तुशास्त्रकी चर्चा की गयी है। संपूर्ण वास्तु निर्माणमे इस ग्रंथको प्रमाण माना गया है।
  • मयमतम् - अध्याय १८
    मयमतम्‌ नामक ग्रंथमे संपूर्ण वास्तुशास्त्रकी चर्चा की गयी है। संपूर्ण वास्तु निर्माणमे इस ग्रंथको प्रमाण माना गया है।
  • मयमतम् - अध्याय १९
    मयमतम्‌ नामक ग्रंथमे संपूर्ण वास्तुशास्त्रकी चर्चा की गयी है। संपूर्ण वास्तु निर्माणमे इस ग्रंथको प्रमाण माना गया है।
  |  
: Folder : Page : Word/Phrase : Person


Comments | अभिप्राय

Comments written here will be public after appropriate moderation.
Like us on Facebook to send us a private message.

topological

  • सांस्थितिक 
  • (of or relating to topology) सांस्थितिक 
  • संस्थितिक 
RANDOM WORD

Did you know?

हिंदू धर्मात मुलाचे जावळ काढतात परंतु मुलीचे का काढत नाहीत?
Category : Hindu - Beliefs
RANDOM QUESTION
Don't follow traditions blindly or ignore them. Don't assume a superstition either. Don't be intentionally ignorant. Ask us!!
Hindu customs are all about Symbolism. Let us tell you the thought behind those traditions.
Make Informed Religious decisions.

Featured site